Sunday, 14 February 2021

अब हर मा० स्कूल की होगी अपनी खुद की वेबसाइट, राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत हो रही कवायद

 लखनऊ। प्रदेश के माध्यमिक विद्यालयों में शैक्षिक सत्र 2021 22 से डिजिटल लिटरेसी को पाठ्यक्रम में शामिल किया जाएगा। प्रत्येक विद्यालय की वेबसाइट तैयार करने के साथ स्कूलों में डिजिटल क्लासरूम, वर्चुअल लैब और कंप्यूटर शिक्षकों की व्यवस्था होगी। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत माध्यमिक शिक्षा विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है।


योजना के अनुसार राजकीय विद्यालयों में 2021-22 से कक्षा 6 से कोडिंग लागू कर उसे चरणबद्ध तरीके से कक्षा 8 तक बढ़ाया जाएगा। शिक्षण, मूल्यांकन, नियोजन और प्रशासन में सुधार के लिए प्रौद्योगिकी के उपयोग के लिए राज्य शैक्षिक प्रौद्योगिकी मंच की स्थापना भी होगी। इसके जरिए नवीनतम ज्ञान, कार्यप्रणाली के नियोजन, क्रियान्वयन, समीक्षा और मार्गदर्शन, परामर्श साझा करने का अवसर मिलेगा। मंच में आईटी, बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास, व्यावसायिक शिक्षा के साथ शैक्षिक नवाचार के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली संस्थाओं को भी शामिल किया जाएगा माध्यमिक शिक्षा में विभिन्न स्रोतों से एकत्रित आंकड़ों की प्रमाणिकता, एकीकृत शैक्षिक प्रबंधन सूचना प्रणाली विकसित की जाएगी 

अब हर मा० स्कूल की होगी अपनी खुद की वेबसाइट, राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत हो रही कवायद Rating: 4.5 Diposkan Oleh: bankpratiyogi

0 comments:

Post a Comment